अभोगी

अभोगी

स्वरलिपि

S R g m D S' | S' D m g R S

थाट: Kafi night Audava-Audava
वादी: Shadaj (S)
संवादी: Madhyam (m)
काफी थाट से अभोगी, एक कर्नाटक-व्युत्पन्न पंचस्वरीय राग जो बागेश्री के करीब है।

मुख्य तथ्य

थाट (मेल)
Kafi
प्रस्तुति का समय
Night
जाति (स्वरों की संख्या)
Audava-audava
वादी (प्रमुख स्वर)
Shadaj (S)
संवादी (सहायक स्वर)
Madhyam (m)

Origins & Context

अभोगी कर्नाटक राग प्रणाली से व्युत्पन्न एक राग है। यह एक पंचस्वरीय राग है जो राग बागेश्री के बहुत करीब है। बागेश्री के विपरीत, यह एक सीधी श्रृंखला वाला राग है जो कोमल नि और प के अस्तित्व की किसी भी संभावना को छोड़ देता है।

तकनीकी विवरण

राग की स्वर संरचना और चलन

आरोह (चढ़ाव)

S R g m D S'

अवरोह (उतार)

S' D m g R S

पकड़ (पहचान वाक्यांश)

'D S m g m D D m g m g R S

रिकॉर्डिंग्स और प्रस्तुतियाँ

इस राग को महान कलाकारों से सुनें

आगामी रिकॉर्डिंग्स और प्रस्तुतियाँ यहाँ दिखाई जाएँगी। जल्द ही फिर देखें!